अगर आप खरीदारी के लिए मार्केट जा रहे हैं और प्यास लगती है तो अब शुद्घ पानी पीने के लिए 20 रुपये की पानी की बोतल नहीं खरीदनी पड़ेगी। अब 2 रुपये में ही शुद्घ पीने का पानी पेपर ग्लास में मिल जाएगा।
जल्द ही प्राधिकरण एक एनजीओ की मदद से शहर में वॉटर वेंडिंग मोबाइल मशीन लेकर आ रहा है। अभी इसको शहर में 10 भीड़ -भाड़ वाली जगह में लगाया जाएगा।
ताकि लोग इसका फायदा उठा सके। इस मशीन की खास बात ये होगी कि अगर पानी की क्वालिटी थोड़ी बहुत भी खराब होती है तो ये मशीन खुद से काम करना बंद कर देगी।
प्राधिकरण के डीसीईओ सौम्य श्रीवास्तव ने बताया एक एनजीओ की तरफ से बॉटेनिकल गॉर्डन मेट्रो स्टेशन पर वाटर वेंडिंग मोबाइल मशीन लगाई गई है।
इसमें 2 रुपये में 250 एमएल और 5 रुपये में 1 एमएल पानी मिल रहा है। इस पानी की क्वॉलिटी अच्छी है। वॉटर वेंडिंग मोबाइल मशीन लगाने के पहले दिन ही 64 लीटर से ज्यादा पानी की खपत हुई है।
�ये मशीन मदर डेयर की मशीनों की तरह है। 2 रुपये का सिक्का डालने पर पेपर ग्लास में पानी निकल जाएगा। शहर में लगने वाली अन्य मशीनों का खास बात ये होगी कि इनसे डेबिट कार्ड के जरिए भी पानी के लिए पेमेंट की जा सकेगी।
एनजीओ की तरफ से शहर में 10 जगह मशीन लगाने की स्वीकृति मांगी गई है। एक सप्ताह के अंदर एनजीओ शहर में भीड़ - भाड़ जगहों की लिस्ट दे देगी।
प्राधिकरण इन मशीनों को लगाने की जगह देगा। एनजीओ और प्राधिकरण के सहयोग से लोगों को पीने का शुद्घ पानी मुहैया कराया जाएगा।
जल्द ही प्राधिकरण एक एनजीओ की मदद से शहर में वॉटर वेंडिंग मोबाइल मशीन लेकर आ रहा है। अभी इसको शहर में 10 भीड़ -भाड़ वाली जगह में लगाया जाएगा।
ताकि लोग इसका फायदा उठा सके। इस मशीन की खास बात ये होगी कि अगर पानी की क्वालिटी थोड़ी बहुत भी खराब होती है तो ये मशीन खुद से काम करना बंद कर देगी।
प्राधिकरण के डीसीईओ सौम्य श्रीवास्तव ने बताया एक एनजीओ की तरफ से बॉटेनिकल गॉर्डन मेट्रो स्टेशन पर वाटर वेंडिंग मोबाइल मशीन लगाई गई है।
इसमें 2 रुपये में 250 एमएल और 5 रुपये में 1 एमएल पानी मिल रहा है। इस पानी की क्वॉलिटी अच्छी है। वॉटर वेंडिंग मोबाइल मशीन लगाने के पहले दिन ही 64 लीटर से ज्यादा पानी की खपत हुई है।
�ये मशीन मदर डेयर की मशीनों की तरह है। 2 रुपये का सिक्का डालने पर पेपर ग्लास में पानी निकल जाएगा। शहर में लगने वाली अन्य मशीनों का खास बात ये होगी कि इनसे डेबिट कार्ड के जरिए भी पानी के लिए पेमेंट की जा सकेगी।
एनजीओ की तरफ से शहर में 10 जगह मशीन लगाने की स्वीकृति मांगी गई है। एक सप्ताह के अंदर एनजीओ शहर में भीड़ - भाड़ जगहों की लिस्ट दे देगी।
प्राधिकरण इन मशीनों को लगाने की जगह देगा। एनजीओ और प्राधिकरण के सहयोग से लोगों को पीने का शुद्घ पानी मुहैया कराया जाएगा।
