दिल्ली सरकार ने बिजली चोरी, बिजली कनेक्शन का अवैध इस्तेमाल, छेड़छाड़ वाले मीटर स्वयं बताने, बिजली के कटे कनेक्शन और जेजे क्लस्टर के बकाया बिल के भुगतान के लिए वन टाइम माफीनामा स्कीम घोषित की है।
छह श्रेणी वाले स्कीम में लेटचार्ज पूरा माफ होगा। वहीं बिजली चोरी व मीटर छेड़छाड़ मामले में 66 फीसदी तो कनेक्शन के अवैध इस्तेमाल वाले 11 केवी तक लोड वालों को समझौता करने पर बकाया बिल में 50 फीसदी छूट दी जाएगी।
स्कीम शुरू होने के बाद एक महीने के लिए लागू रहेगी। उस दौरान भी कोई मामला इन श्रेणी का आता है तो कंपनी के साथ समझौता स्कीम का फायदा उठाया जा सकेगा। अगर उपभोक्त समझौते के बाद किस्त का भुगतान नहीं कर पाता है तो स्कीम से बाहर समझा जाएगा।
जिन पर मीटर में छेड़छाड़ या बिजली चोरी के मामले दर्ज हैं, वो वापस लिए जाएंगे। शीला सरकार के दौरान केजरीवाल ने हजारों बिजली के बिल जमा करवाकर भेजे थे। बिल नहीं भरने पर कंपनियों ने मीटर छेड़छाड़ व बिजली चोरी के केस दर्ज किए थे।
मुख्यमंत्री अरिवंद केजरीवाल की स्वीकृति से जारी स्कीम को जल्द लांच करने के लिए बिजली वितरण कंपनी बीएसईएस और टाटा पॉवर दिल्ली डिस्ट्रिब्यूशन लिमिटेड के साथ दिल्ली इलेक्ट्रिसिटी रेगुलेटरी कमीशन (डीईआरसी) को भी ऊर्जा विभाग की तरफ से पत्र लिखा गया है।
पुराने जुलाई, 2015 तक के बिल पर सिर्फ 250 रुपये मासिक भुगतान लें। अगर कनेक्शन काट दिया गया है तो भी लेट चार्ज पूरा माफ होगा।
और बिल राशि का भुगतान 6 किस्तों में लिया जाएगा। सरकार ने यह भी साफ किया है कि लेट चार्ज छोड़कर इनके माफी से कंपनी का नुकसान होता है तो उसका भुगतान सरकार करेगी।
छह श्रेणी वाले स्कीम में लेटचार्ज पूरा माफ होगा। वहीं बिजली चोरी व मीटर छेड़छाड़ मामले में 66 फीसदी तो कनेक्शन के अवैध इस्तेमाल वाले 11 केवी तक लोड वालों को समझौता करने पर बकाया बिल में 50 फीसदी छूट दी जाएगी।
स्कीम शुरू होने के बाद एक महीने के लिए लागू रहेगी। उस दौरान भी कोई मामला इन श्रेणी का आता है तो कंपनी के साथ समझौता स्कीम का फायदा उठाया जा सकेगा। अगर उपभोक्त समझौते के बाद किस्त का भुगतान नहीं कर पाता है तो स्कीम से बाहर समझा जाएगा।
कंपनियों को जल्द स्कीम क्षेत्रीय विधायकों की मदद से तत्काल लांच करने को कहा गया है। दिल्ली सरकार के ऊर्जा विभाग की इस स्कीम से अरविंद केजरीवाल के बिजली आंदोलन के साथी रहे लोगों को भी फायदा होगा।
जिन पर मीटर में छेड़छाड़ या बिजली चोरी के मामले दर्ज हैं, वो वापस लिए जाएंगे। शीला सरकार के दौरान केजरीवाल ने हजारों बिजली के बिल जमा करवाकर भेजे थे। बिल नहीं भरने पर कंपनियों ने मीटर छेड़छाड़ व बिजली चोरी के केस दर्ज किए थे।
मुख्यमंत्री अरिवंद केजरीवाल की स्वीकृति से जारी स्कीम को जल्द लांच करने के लिए बिजली वितरण कंपनी बीएसईएस और टाटा पॉवर दिल्ली डिस्ट्रिब्यूशन लिमिटेड के साथ दिल्ली इलेक्ट्रिसिटी रेगुलेटरी कमीशन (डीईआरसी) को भी ऊर्जा विभाग की तरफ से पत्र लिखा गया है।
पत्र में साफ किया गया है कि न सिर्फ लेट फीस सौ फीसदी माफ करें बल्कि छह श्रेणी में बकाया बिल भी अलग-अलग प्रतिशत के हिसाब से माफ करें। बिजली चोरी व मीटर से छेड़छाड़ के दर्ज मामलों के उपभोक्ता अगर किस्तों में बिल का भुगतान अधिकतम 4 किस्त में कर सकते हैं।
लेकिन इसमें छूट 60 फीसदी तक ही मिलेगा। स्कीम के अनुसार अगर कोई उपभोक्ता मीटर में छेड़छाड़ की घोषणा खुद करता है तो सभी श्रेणी में सिर्फ दो हजार रुपये और मीटर चार्ज लेकर नया मीटर लगा दिया जाए।
वहीं ऐसे मामले जहां बिजली बिल का भुगतान नहीं किए जाने पर कनेक्शन काट दिया गया है, ऐसे मामलों में लेट चार्ज पूरा माफ करके बकाया बिल का भुगतान करने पर कनेक्शन फिर दे दिया जाएगा।
वहीं ऐसे मामले जहां बिजली बिल का भुगतान नहीं किए जाने पर कनेक्शन काट दिया गया है, ऐसे मामलों में लेट चार्ज पूरा माफ करके बकाया बिल का भुगतान करने पर कनेक्शन फिर दे दिया जाएगा।
दिल्ली सरकार की माफीनामा स्कीम के लिए बिजली वितरण कंपनियों को भेजे गए पत्र में कहा गया है कि जेजे क्लस्टर उपभोक्ताओं के बकाया बिल अंतिम बिल भुगतान।
पुराने जुलाई, 2015 तक के बिल पर सिर्फ 250 रुपये मासिक भुगतान लें। अगर कनेक्शन काट दिया गया है तो भी लेट चार्ज पूरा माफ होगा।
और बिल राशि का भुगतान 6 किस्तों में लिया जाएगा। सरकार ने यह भी साफ किया है कि लेट चार्ज छोड़कर इनके माफी से कंपनी का नुकसान होता है तो उसका भुगतान सरकार करेगी।
