गणतंत्र दिवस पर देश के विभिन्न हिस्सों में आतंकी हमले की धमकी के मद्देनजर ओल्ड रेलवे स्टेशन की सुरक्षा कड़ी कर दी गई है।
स्टेशन पर पहुंचने वाले सभी चोर रास्तों को बंद कर दिया गया है और स्टेशन के बाहर खड़े होने वाले ऑटो को बाहर खड़ा होने के लिए कहा गया है। आरपीएफ और जीआरपी के सशस्त्र जवानों को प्लेटफार्म पर लगाया गया है।
खासकर संदिग्ध लोगों पर विशेष नजर रखी जा रही है।
यात्रियों से भी अपील की गई है कि वह सतर्क होकर सफर करें और कोई चीज संदिग्ध दिखाई दे तो उसे तत्काल पुलिस को सूचना दें।
ज्ञात हो कि खुफिया एजेंसियों ने गणतंत्र दिवस पर कुछ आतंकी संगठनों द्वारा हमले की धमकी का अलर्ट जारी किया है। अलर्ट को गंभीरता से लेते हुए जीआरपी और आरपीएफ चौकन्नी हो गई है।
ओल्ड स्टेशन के सभी प्लेटफार्मों पर सशस्त्र जवान लगातार गश्त कर रहे हैं। शनिवार को जीआरपी डीएसपी यादराम ने आरपीएफ इंस्पेक्टर मुकेश कुमार के साथ स्टेशन का निरीक्षण किया और प्ल्ेटफार्म की ओर आने वाले सभी चोर रास्तों को बंद करा दिया है।
इसके अलावा मेन प्रवेश द्वार पर जीआरपीकर्मी लगातार हैंड हेल्ड मेटल डिटेक्टर से आने-जाने वालों की जांच पड़ताल करने में लगे हैं।
सिविल पुलिस भी स्टेशन का किया निरीक्षण:
दोपहर बाद एनआईटी थाना प्रभारी नरेश कुमार पुलिस बल के साथ ओल्ड स्टेशन का दौरा किया और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।
इसके पूर्व पुलिस ने रेलवे कॉलोनी में सर्च अभियान भी चलाया। थाना प्रभारी ने आरपीएफ से विशेष सतर्कता बरतने और जरूरत पडने पर तत्काल उन्हें सूचना देने को कहा ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके।
फिर भी स्टेशनों की सुरक्षा में हैं कई छेद
जीआरपी और आरपीएफ स्टेशन पर सुरक्षा फुलप्रूफ होने का दावा तो कर रही है फिर सुरक्षा में लापरवाही नजर आ रही है। प्लेटफार्म नंबर-4 हाईवे की ओर आगे से लेकर पीछे तक खुला हुआ है।
कोई भी संदिग्ध आकर बड़े आराम से घटना को अंजाम दे सकता है। यही नहीं ओल्ड स्टेशन पर रुक कर चलने वाली किसी भी ट्रेन की जांच पड़ताल नहीं की जा रही है।
फिर आई सीसीटीवी कैमरे की याद:
एनसीआर का क्लास वन स्टेशन होने के बाद भी ओल्ड स्टेशन पर सीसीटीवी कैमरे नहीं लगाए गए हैं। जबकि यहां से देश के विभिन्न हिस्सों की ओर हजारों यात्री सफर करते हैं।
बड़ी संख्या में दैनिक यात्री शटल गाडिय़ों से आते-जाते हैं। यही हाल बल्लभगढ़ और पलवल स्टेशनों का है। कहीं भी सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे हैं।
पिछले दिनों आरपीएफ से रेलवे ने सीसीटीवी कै
स्टेशन पर पहुंचने वाले सभी चोर रास्तों को बंद कर दिया गया है और स्टेशन के बाहर खड़े होने वाले ऑटो को बाहर खड़ा होने के लिए कहा गया है। आरपीएफ और जीआरपी के सशस्त्र जवानों को प्लेटफार्म पर लगाया गया है।
खासकर संदिग्ध लोगों पर विशेष नजर रखी जा रही है।
यात्रियों से भी अपील की गई है कि वह सतर्क होकर सफर करें और कोई चीज संदिग्ध दिखाई दे तो उसे तत्काल पुलिस को सूचना दें।
ज्ञात हो कि खुफिया एजेंसियों ने गणतंत्र दिवस पर कुछ आतंकी संगठनों द्वारा हमले की धमकी का अलर्ट जारी किया है। अलर्ट को गंभीरता से लेते हुए जीआरपी और आरपीएफ चौकन्नी हो गई है।
ओल्ड स्टेशन के सभी प्लेटफार्मों पर सशस्त्र जवान लगातार गश्त कर रहे हैं। शनिवार को जीआरपी डीएसपी यादराम ने आरपीएफ इंस्पेक्टर मुकेश कुमार के साथ स्टेशन का निरीक्षण किया और प्ल्ेटफार्म की ओर आने वाले सभी चोर रास्तों को बंद करा दिया है।
इसके अलावा मेन प्रवेश द्वार पर जीआरपीकर्मी लगातार हैंड हेल्ड मेटल डिटेक्टर से आने-जाने वालों की जांच पड़ताल करने में लगे हैं।
सिविल पुलिस भी स्टेशन का किया निरीक्षण:
दोपहर बाद एनआईटी थाना प्रभारी नरेश कुमार पुलिस बल के साथ ओल्ड स्टेशन का दौरा किया और सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।
इसके पूर्व पुलिस ने रेलवे कॉलोनी में सर्च अभियान भी चलाया। थाना प्रभारी ने आरपीएफ से विशेष सतर्कता बरतने और जरूरत पडने पर तत्काल उन्हें सूचना देने को कहा ताकि समय रहते उचित कार्रवाई की जा सके।
फिर भी स्टेशनों की सुरक्षा में हैं कई छेद
जीआरपी और आरपीएफ स्टेशन पर सुरक्षा फुलप्रूफ होने का दावा तो कर रही है फिर सुरक्षा में लापरवाही नजर आ रही है। प्लेटफार्म नंबर-4 हाईवे की ओर आगे से लेकर पीछे तक खुला हुआ है।
कोई भी संदिग्ध आकर बड़े आराम से घटना को अंजाम दे सकता है। यही नहीं ओल्ड स्टेशन पर रुक कर चलने वाली किसी भी ट्रेन की जांच पड़ताल नहीं की जा रही है।
फिर आई सीसीटीवी कैमरे की याद:
एनसीआर का क्लास वन स्टेशन होने के बाद भी ओल्ड स्टेशन पर सीसीटीवी कैमरे नहीं लगाए गए हैं। जबकि यहां से देश के विभिन्न हिस्सों की ओर हजारों यात्री सफर करते हैं।
बड़ी संख्या में दैनिक यात्री शटल गाडिय़ों से आते-जाते हैं। यही हाल बल्लभगढ़ और पलवल स्टेशनों का है। कहीं भी सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे हैं।
पिछले दिनों आरपीएफ से रेलवे ने सीसीटीवी कै

