सूरजपुर कोतवाली क्षेत्र के डेल्टा-वन सेक्टर निवासी एक सेल्स मैनेजर से तीन लाख रुपये की रंगदारी के मामले में पुलिस ने रंगे हाथ (रंगदारी लेते हुए) दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 50 हजार रुपये, ऑल्टो कार और मोबाइल तथा फर्जी सिम बरामद किए है। हालांकि अभी एक आरोपी फरार है।
एसपी देहात संजय सिंह ने बताया कि लखनऊ निवासी विनोद श्रीवास्तव डेल्टा-वन में रहते हैं। वह नोएडा सेक्टर-61 की एक कंपनी में सेल्स मैनेजर� हैं।
मंगलवार को फोन पर परिवार को जान से मारने की धमकी देते हुए उनसे तीन लाख रुपये की रंगदारी मांगी गई। पीड़ित ने इस मामले की शिकायत सूरजपुर पुलिस से की थी। पुलिस ने मामला दर्ज कर पीड़ित और आरोपियों के मोबाइल नंबर सर्विलांस पर लिया। विनोद ने फोन पर बदमाशों को फिलहाल 50 हजार रुपये देने की बात कही।
बदमाशों ने फोन कर पहले विप्रो गोलचक्कर और फिर भट्टा गोल चक्कर बुलाया। विनोद से रंगदारी के रुपये लेते वक्त ही पुलिस ने दोनो बदमाशों को मौके पर ही दबोच लिया। बदमाशों के कब्जे से फर्जी सिम समेत मोबाइल और 50 हजार रुपये बरामद कर लिए।
आरोपियों की पहचान हापुड़-गढ़ के जडीना निवासी विनीत त्यागी और दादरी के आर्य नगर निवासी पवन के रूप में हुई है। पुलिस ने बताया कि दादरी निवासी सुशील नाम का आरोपी अभी फरार है जिसे जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
विनोद सपरिवार डेल्टा-वन में रहते हैं। वहीं पर आरोपी विनीत त्यागी भी रहता है। जबकि पवन दादरी में रहता था। विनीत, पवन और सुशील तीनों दोस्त हैं। उन्होंने विनोद के रहन-सहन को देखकर उससे रंगदारी मांगने का फैसला किया।
उन्होंने सोचा था कि रंगदारी की कॉल आने पर वह पड़ोसी के नाते उससे संपर्क करेगा और खुद चुपके से रकम को लेकर बदमाशों को देने के नाम पर लेकर चला जाएगा। इससे घटना के बारे में पुलिस को पता नहीं चलेगा और वह रुपये भी ऐंठ लेंगे। मगर विनीत की सोच के विपरीत हो गया। विनोद ने सीधे ही बिना पड़ोसी को बताए ही पुलिस को सूचना दे दी।
राहगीर के फोन से मांगी थी रंगदारी
रंगदारी की कॉल करने के लिए आरोपियों ने पहले तो किसी राहगीर का फोन इस्तेमाल किया मगर रंगदारी वसूलने के लिए उन्होंने फर्जी आईडी पर नया सिम लिया। इसके लिए फोन भी नया खरीदा गया था, जिसे पुलिस ने बरामद कर लिया है।
एसपी देहात संजय सिंह ने बताया कि लखनऊ निवासी विनोद श्रीवास्तव डेल्टा-वन में रहते हैं। वह नोएडा सेक्टर-61 की एक कंपनी में सेल्स मैनेजर� हैं।
मंगलवार को फोन पर परिवार को जान से मारने की धमकी देते हुए उनसे तीन लाख रुपये की रंगदारी मांगी गई। पीड़ित ने इस मामले की शिकायत सूरजपुर पुलिस से की थी। पुलिस ने मामला दर्ज कर पीड़ित और आरोपियों के मोबाइल नंबर सर्विलांस पर लिया। विनोद ने फोन पर बदमाशों को फिलहाल 50 हजार रुपये देने की बात कही।
बदमाशों ने फोन कर पहले विप्रो गोलचक्कर और फिर भट्टा गोल चक्कर बुलाया। विनोद से रंगदारी के रुपये लेते वक्त ही पुलिस ने दोनो बदमाशों को मौके पर ही दबोच लिया। बदमाशों के कब्जे से फर्जी सिम समेत मोबाइल और 50 हजार रुपये बरामद कर लिए।
आरोपियों की पहचान हापुड़-गढ़ के जडीना निवासी विनीत त्यागी और दादरी के आर्य नगर निवासी पवन के रूप में हुई है। पुलिस ने बताया कि दादरी निवासी सुशील नाम का आरोपी अभी फरार है जिसे जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
विनोद सपरिवार डेल्टा-वन में रहते हैं। वहीं पर आरोपी विनीत त्यागी भी रहता है। जबकि पवन दादरी में रहता था। विनीत, पवन और सुशील तीनों दोस्त हैं। उन्होंने विनोद के रहन-सहन को देखकर उससे रंगदारी मांगने का फैसला किया।
उन्होंने सोचा था कि रंगदारी की कॉल आने पर वह पड़ोसी के नाते उससे संपर्क करेगा और खुद चुपके से रकम को लेकर बदमाशों को देने के नाम पर लेकर चला जाएगा। इससे घटना के बारे में पुलिस को पता नहीं चलेगा और वह रुपये भी ऐंठ लेंगे। मगर विनीत की सोच के विपरीत हो गया। विनोद ने सीधे ही बिना पड़ोसी को बताए ही पुलिस को सूचना दे दी।
राहगीर के फोन से मांगी थी रंगदारी
रंगदारी की कॉल करने के लिए आरोपियों ने पहले तो किसी राहगीर का फोन इस्तेमाल किया मगर रंगदारी वसूलने के लिए उन्होंने फर्जी आईडी पर नया सिम लिया। इसके लिए फोन भी नया खरीदा गया था, जिसे पुलिस ने बरामद कर लिया है।
