निगम से लेकर दिल्ली सरकार के अस्पतालों में लावारिस कुत्तों का आतंक जारी है। कुत्तों को अस्पताल में आने से रोकने के लिए कई बैठकें हुई और कार्रवाई का खाका भी बना लेकिन कोई नतीजा सिफर ही रहा।
निगम के राजन बाबू टीबी अस्पताल में आधा दर्जन से अधिक लोगों को कुत्तों ने अपना शिकार बनाया। इसमें तीमारदार से लेकर डॉक्टर तक शामिल हैं।
घटना के बाद निगम की ओर से कार्रवाई करते हुए करीब एक दर्जन कुत्तों को पकड़ा गया। राजन बाबू टीबी अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. ए के गोयल ने बताया कि मंगलवार को करीब आधा दर्जन लोगों को कुत्तों ने अपना शिकार बनाया।
इससे पहले सोमवार को भी अस्पताल में भर्ती अपने पिता से मिलने आई एक बच्ची को कुत्ते ने काट लिया था। बच्ची के हाथ में कुछ खाने का सामान था, उसी समय कुत्ते ने बच्ची पर हमला कर दिया और हाथ को लहूलुहान कर दिया था।
बच्ची को हिंदू राव अस्पताल में भर्ती कराया गया था। सूत्रों की मानें तो सोमवार को आपातक ालीन विभाग में तैनात एक महिला डॉक्टर पर भी कुत्ते ने हमला कर दिया था।
निगम के राजन बाबू टीबी अस्पताल में आधा दर्जन से अधिक लोगों को कुत्तों ने अपना शिकार बनाया। इसमें तीमारदार से लेकर डॉक्टर तक शामिल हैं।
घटना के बाद निगम की ओर से कार्रवाई करते हुए करीब एक दर्जन कुत्तों को पकड़ा गया। राजन बाबू टीबी अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. ए के गोयल ने बताया कि मंगलवार को करीब आधा दर्जन लोगों को कुत्तों ने अपना शिकार बनाया।
डॉ. गोयल ने बताया कि मंगलवार को अस्पताल परिसर में अलग-अलग जगहों पर कुछ लोगों को कुत्तों ने काटा है। घटना की सूचना के बाद एमसीडी के कुत्ते पकड़ने वाली टीम को बुलाया गया, इसके बाद कुत्ते पकड़ने का अभियान चलाया गया।
इससे पहले सोमवार को भी अस्पताल में भर्ती अपने पिता से मिलने आई एक बच्ची को कुत्ते ने काट लिया था। बच्ची के हाथ में कुछ खाने का सामान था, उसी समय कुत्ते ने बच्ची पर हमला कर दिया और हाथ को लहूलुहान कर दिया था।
बच्ची को हिंदू राव अस्पताल में भर्ती कराया गया था। सूत्रों की मानें तो सोमवार को आपातक ालीन विभाग में तैनात एक महिला डॉक्टर पर भी कुत्ते ने हमला कर दिया था।
