उसने बच्ची को गोद लेने की इच्छा जताई। बच्ची की मां ने जन्म के करीब एक सप्ताह बाद ही उसे आरोपी के परिजनों के हवाले कर दिया। उन्होंने ही बच्ची का पाल कर बड़ा किया।
कुछ समय पहले नाबालिग की सगी मां, सौतेली मां और भाई किसी अन्य नाबालिग को अगवा कर दुराचार करने के मामले में नामजद हुए। इसके बाद पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। उसके बाद से बच्ची सौतेले पिता के साथ घर में अकेली रह गई।
दिवाली से एक दिन पहले जब घर में अकेली थी तो उसके सौतेले पिता ने उसके साथ दुराचार किया और उसे धमकियां दीं कि वह इस बारे में किसी को न बताए। काफी समय तक नाबालिग ने इस बात का किसी के साथ जिक्र नहीं किया।
हिम्मत दिखाकर उसने इसकी शिकायत पुलिस के पास की। पुलिस द्वारा जांच के बाद आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया।
उसने बच्ची को गोद लेने की इच्छा जताई। बच्ची की मां ने जन्म के करीब एक सप्ताह बाद ही उसे आरोपी के परिजनों के हवाले कर दिया। उन्होंने ही बच्ची का पाल कर बड़ा किया।
कुछ समय पहले नाबालिग की सगी मां, सौतेली मां और भाई किसी अन्य नाबालिग को अगवा कर दुराचार करने के मामले में नामजद हुए। इसके बाद पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। उसके बाद से बच्ची सौतेले पिता के साथ घर में अकेली रह गई।
दिवाली से एक दिन पहले जब घर में अकेली थी तो उसके सौतेले पिता ने उसके साथ दुराचार किया और उसे धमकियां दीं कि वह इस बारे में किसी को न बताए। काफी समय तक नाबालिग ने इस बात का किसी के साथ जिक्र नहीं किया।
हिम्मत दिखाकर उसने इसकी शिकायत पुलिस के पास की। पुलिस द्वारा जांच के बाद आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया।
कुछ समय पहले नाबालिग की सगी मां, सौतेली मां और भाई किसी अन्य नाबालिग को अगवा कर दुराचार करने के मामले में नामजद हुए। इसके बाद पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। उसके बाद से बच्ची सौतेले पिता के साथ घर में अकेली रह गई।
दिवाली से एक दिन पहले जब घर में अकेली थी तो उसके सौतेले पिता ने उसके साथ दुराचार किया और उसे धमकियां दीं कि वह इस बारे में किसी को न बताए। काफी समय तक नाबालिग ने इस बात का किसी के साथ जिक्र नहीं किया।
हिम्मत दिखाकर उसने इसकी शिकायत पुलिस के पास की। पुलिस द्वारा जांच के बाद आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया।
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कुछ समय पहले नाबालिग की सगी मां, सौतेली मां और भाई किसी अन्य नाबालिग को अगवा कर दुराचार करने के मामले में नामजद हुए। इसके बाद पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। उसके बाद से बच्ची सौतेले पिता के साथ घर में अकेली रह गई।
दिवाली से एक दिन पहले जब घर में अकेली थी तो उसके सौतेले पिता ने उसके साथ दुराचार किया और उसे धमकियां दीं कि वह इस बारे में किसी को न बताए। काफी समय तक नाबालिग ने इस बात का किसी के साथ जिक्र नहीं किया।
हिम्मत दिखाकर उसने इसकी शिकायत पुलिस के पास की। पुलिस द्वारा जांच के बाद आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया।
